- खिलाड़ियों ने जीते स्वर्ण, रजत और कांस्य पदकों की झड़ी, विभिन्न स्पर्धाओं में दिखाया शानदार प्रदर्शन
- कैंट स्थित सेठ आनंदराम जयपुरिया स्कूल में आयोजित प्रतियोगिता के पहले दिन सेंट एलॉयसियस के एथलीटों ने सर्वाधिक पदक जीतकर बढ़त बनाई
कानपुर, 12 जुलाई।
कैंट स्थित सेठ आनंदराम जयपुरिया स्कूल में आयोजित दो दिवसीय CISCE नॉर्थ ज़ोनल एथलेटिक मीट के प्रथम दिवस सेंट एलॉयसियस स्कूल के खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए विभिन्न स्पर्धाओं में स्वर्ण, रजत एवं कांस्य पदक जीतकर प्रतियोगिता में अपना दबदबा कायम रखा। प्रतियोगिता का शुभारंभ जयपुरिया स्कूल के प्रधानाचार्य गणेश तिवारी ने किया।

अंडर-14 बालक वर्ग में विशेष साहू ने 400 मीटर दौड़ में स्वर्ण पदक जीतकर विद्यालय का गौरव बढ़ाया, जबकि अविरल ने हाई जंप में प्रथम स्थान प्राप्त किया। अनमोल कुमार ने 400 मीटर एवं 100 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीते। लंबी कूद में अद्विक ने रजत तथा वेदांत तिवारी ने कांस्य पदक अर्जित किया।
अंडर-17 वर्ग में अभिनव ने हैमर थ्रो में स्वर्ण और शॉटपुट में रजत पदक हासिल किया। अहमद अली रज़ा ने ट्रिपल जंप और हाई जंप में क्रमशः स्वर्ण एवं रजत पदक जीते। अरहम मिर्ज़ा ने हाई जंप में स्वर्ण और लंबी कूद में रजत पदक प्राप्त किया। ईशान हैदर तथा रामेन्द्र ने भी अपने-अपने इवेंट में कांस्य पदक जीतकर विद्यालय का नाम रोशन किया।
अंडर-19 वर्ग में मोहम्मद अरीब, अनंत गौतम, अकमल रज़ा और कार्तिक सिंह ने स्वर्ण पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया। अकमल रज़ा ने लंबी कूद और 400 मीटर दौड़ दोनों स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक अपने नाम किए। तनमय गुप्ता, प्रखर दत्त तिवारी, अभय पाल, कुशाग्र वर्मा और कार्तिक सिंह ने भी विभिन्न स्पर्धाओं में रजत पदक हासिल किए, जबकि अनिरुद्ध चौधरी और कुशाग्र वर्मा ने कांस्य पदक जीते।
प्रतियोगिता में सेठ आनंदराम जयपुरिया स्कूल, सर सैयद पब्लिक स्कूल, मेथोडिस्ट हाई स्कूल, शीलिंग हाउस स्कूल, वीरेंद्र स्वरूप पब्लिक स्कूल सहित विभिन्न ICSE विद्यालयों के खिलाड़ियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच सेंट एलॉयसियस स्कूल के खिलाड़ियों ने सर्वाधिक पदक जीतकर अपनी श्रेष्ठता सिद्ध की।
विद्यालय पहुंचने पर विजेता खिलाड़ियों का स्वागत किया गया। प्रधानाचार्य फादर आर्चिबाल्ड डी. सिल्वा ने सभी खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने इस सफलता का श्रेय एथलेटिक्स कोच सानिया दानिश सिद्दीकी को देते हुए उनके समर्पण, अनुशासित प्रशिक्षण और अथक परिश्रम की सराहना की।