- वल्लभी सदन ने अंतर सदन समूह गान प्रतियोगिता में जीता प्रथम स्थान
- प्रधानाचार्या शयला वली ने विद्यार्थियों से जिम्मेदार और संवेदनशील नागरिक बनने का किया आह्वान
कानपुर, 15 अगस्त।
विन्यास पब्लिक स्कूल, कानपुर में स्वतंत्रता दिवस समारोह देशभक्ति के उल्लास, उत्साह और राष्ट्र के प्रति कर्तव्यबोध के साथ गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने स्वतंत्रता संग्राम के वीरों के त्याग और बलिदान को याद करते हुए राष्ट्रप्रेम और जिम्मेदार नागरिकता का संदेश दिया।
समारोह का शुभारंभ विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती शयला वली ने राष्ट्रीय ध्वज फहराकर किया। इसके बाद विद्यार्थियों, शिक्षकों और स्टाफ ने सामूहिक रूप से राष्ट्रगान प्रस्तुत किया। ध्वजारोहण के साथ ही विद्यालय परिसर देशभक्ति और राष्ट्रीय गौरव की भावना से सराबोर हो गया।

स्वतंत्रता के साथ जिम्मेदारी का भाव जरूरी
प्रधानाचार्या शयला वली ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वतंत्रता का वास्तविक अर्थ तभी सार्थक है, जब उसके साथ करुणा, ईमानदारी, अनुशासन और समाज के प्रति सेवा की भावना जुड़ी हो। उन्होंने विद्यार्थियों से जिम्मेदार, संवेदनशील और राष्ट्रहित के प्रति सजग नागरिक बनने का आह्वान किया।
नृत्य और कविता ने बांधा समां
समारोह में विद्यार्थियों ने भारत की विविधता और सांस्कृतिक समृद्धि को दर्शाते हुए मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किए। देशभक्ति कविता की भावपूर्ण प्रस्तुति ने उपस्थित लोगों को भावविभोर कर दिया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों ने मातृभूमि के प्रति प्रेम, गौरव और एकता की भावना को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया।
वल्लभी सदन ने जीती समूह गान प्रतियोगिता
समारोह का मुख्य आकर्षण देशभक्ति विषय पर आयोजित अंतर सदन समूह गान प्रतियोगिता रही। विद्यार्थियों की मधुर सामूहिक स्वर-लहरियों ने पूरे विद्यालय परिसर को राष्ट्रप्रेम और एकता की भावना से भर दिया।
प्रतियोगिता में वल्लभी सदन ने प्रथम स्थान प्राप्त कर विजेता का खिताब अपने नाम किया। तक्षशिला सदन द्वितीय और विक्रमशिला सदन तृतीय स्थान पर रहा।
युवाओं के हाथों में देश का भविष्य
विद्यालय के चेयरमैन श्री वरुण कटियार ने विद्यार्थियों को प्रेरणादायी संदेश देते हुए कहा कि देश का भविष्य युवाओं के हाथों में है। विद्यार्थियों को संवेदनशील, जागरूक, जिम्मेदार और कर्तव्यनिष्ठ नागरिक बनकर राष्ट्र निर्माण में सार्थक योगदान देना चाहिए।
समारोह का समापन स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों की विरासत को आगे बढ़ाने तथा एकता, सहानुभूति, साहस, अनुशासन और जिम्मेदार नागरिकता के मूल्यों को जीवन में अपनाने के संकल्प के साथ हुआ। कार्यक्रम ने विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम और देश के प्रति जिम्मेदारी की भावना को और मजबूत किया।